मुख्य संपादक दशरथ सिंह कटठा झाबुआ
झाबुआ… 29 मार्च शुक्रवार को गुड फ्राइडे मनाया गया इस दिन दुनिया भर मे येसु मसीह की क्रूस यात्रा ओर सूली पर चड़ाये जाने के दृष्टांत को याद करते हुए,पश्चताप किया गया। झाबुआ डायोसिस के सेंट अर्नोल्ड चर्च मेघनगर मे क्रूस यात्रा का लाईव प्रदशन जोसफ संघ,युवा संघ, माता मारिया समिति की महिलाओ द्वारा किया गया। कार्यक्रम मे सभी पात्रों को ड्रेस कोड मे देखा गया,तो वही येसु मसीह ओर माता मरियम की भूमिका आकर्षक का केंद्र बनी रही। अपने पापो के लिए क्रूस का रास्ता अपनाएं येसु की पीड़ा देख चर्च प्राँगण में उपस्थित सभी प्रत्यक्षदर्शियों की आखे भर आई।
गुडफ्राइडे को बलिदान दिवस भी कहा जाता
ईसाई धर्म में इस दिन का खास महत्व है यह दिन प्रभु यीशु के बलिदान दिवस के रूप में मनाया जाता है गुड फ्राइडे के दिन ही यीशू को सूली पर चढ़ाया गया था भले ही इसे गुड फ्राइडे कहा जाता है लेकिन आपको बता दें यह खुशी का दिन नहीं है सभी ईसाई समाज के लोग चर्च में इकट्ठा हो कर इसे दिन बलिदान दिवस के रूप में मनाते है
क्यों मनाया जाता है गुड फ्राइडे
गुड फ्राइडे यीशु के क्रूस पर चढ़ने की याद में मनाया जाता है विश्वासियों के बीच यह व्यापक मान्यता है कि इस दिन ईसा मसीह को सूली पर चढ़ाया गया था सूली पर चढ़ाए जाने के तीन दिन बाद यीशु के पुनर्जीवित होने को ईस्टर के रूप में मनाया जाता है यह माना जाता है कि जिस दिन यीशु की मृत्यु हुई, वह दुनिया के पापों को अपने साथ ले गए और उनके बलिदान के कारण लोगों को छुटकारा मिलता है और वे मृत्यु के बाद स्वर्ग पहुंच सकते हैं यीशु का क्रूस पर चढ़ना और मृत्यु उनके बलिदान और मनुष्यों द्वारा किए गए सभी पापों के लिए क्षमा का प्रतीक है
गुड फ्राइडे के अवसर पर मिस्सा अनुष्ठान
गुड फ्राइडे के अवसर पर कैथोलिक ईसाई चर्च में मिस्सा अनुष्ठान किया गया यह ईसाइयों का प्रमुख धार्मिक अनुष्ठान है इस अनुष्ठान के दौरान चर्च में ईसा मसीह के सामने लोग अपने पापों का प्रायश्चित भी करते हैं। अपने पापो के लिए छमा याचना भी की जाती है। इस अवसर पर फा.थॉमस पी ए,फा.जोमोन जेमस्,फा.एन्डुस लोबू,फादर राजू,फादर केनेडी थॉमस,फादर डिमेलो सहित भारी भारी संख्या मे ईसाई समाज के धर्म प्रेमी जनता उपस्थित रही।



