मुख्य संपादक दशरथ सिंह कट्ठा झाबुआ
झाबुआ…झाबुआ जिले के मेघनगर के सजेली फाटक के समीप हुवे सड़क हादसे को भुलाया नही जा सकता किस तरह राजस्थान के ट्राला चालक कि लापरवाही की वजह से 9 लोगो को अपनी जान गवाना पड़ी थी जिसके वाद लगातार ट्राला चालक की गिरफ्तारी को लेकर परिजनों व ग्रामीणों द्वारा आवाज़ बुलंद की जा रही थी लेकिन बतातें हैं ट्राला मालिक रसूख के दम पर अपने आप को निर्दोष बताने में लगा रहा ओर दोष रेलवे ब्रिज बनाने वाली कम्पनी पर मढ़ते रहे जबकि इस मामले का पूरा दोषी ट्राला चलाने वाला ड्रायवर था मगर वह भी मौके से फरार हो गया था…? तो आज फिर गरिया नालें के समीप पैट्रोल पम्प के पास अनियंत्रित होकर एक ऐसा ही ट्राला पलटी खा गया और एक बड़ा हादसा होते होते टल गया नही यहाँ आज भी एक बड़ा हादसा हो सकता था

गरिया नाके के समीप पेट्रोल पम्प के पास फिर अनियंत्रित होकर पलटा ट्राला…नही हुई कोई बड़ी खतना…
रविवार को फिर कम्पनी का ट्राला झाबुआ मेघनगर के बीच गरिया नाले के समीप पैट्रोल पम्प के पास अनियंत्रित होकर पलटी खा गया गनीमत यह रही कि इस वाहन की चपेट में कोई नही आया वरना बड़ा हादसा हो सकता था प्रत्यक्ष दर्शियों का कहना है कि ट्राला क्रमांक आरजे 09 जी डी 9272 आदित्य रोड लाइन्स लिखा हुआ तेज गति से आ रहा था जो बाद में अचानक पलटी खा गया, बताते है कि इस मार्ग पर तेज गति से न चलाने के लिए दिशा निर्देश भी लगे हुवे है मगर इन सबको ताक में रखकर ट्राला चालक ने अपनी गति पर नियंत्रण नही रखा और बाद में पलटी खा गया तब सड़क सुन सान थी वरना न जाने कितने लोग इसकी चपेट में आ जाते जब कि जहाँ पर पलटी खाया ट्राला उस के पास में ही पेट्रोल पम्प था वही चालक का कहना है कि गाड़ी कंट्रोल करने के चक्कर मे ब्रेक लगा दिए और वाहन पलटी खा गया आखिर इन तेज गति से चल रहे भारी भरकम वाहनों पर सम्बन्धित विभाग क्यो ध्यान नही दे रहा है या प्रशासन को ओर किसी बड़े हादसे का इंतजार है



